राजेश खन्ना ने आखिर तक बिताई शान-ओ-शौकत की जिंदगी

0

हाल ही में सुपरस्टार राजेश खन्ना (Rajesh Khanna) के करीबी दोस्त प्रकाश रोहरा ने खुलासा किया कि अपने अंतिम दिनों में, राजेश खन्ना (Rajesh Khanna)पॉजिटिविटी और लाइफ से भरपूर थे. लेकिन कई मौकों पर, लोगों की बातों से वो परेशान हो जाते थे. मीडिया ने उनके बारे में जो लिखा, उससे उन्हें दुख पहुंचता था.राजेश खन्ना (Rajesh Khanna) ने अंत तक किंग साइज लाइफ को जिया. वह उन सबसे उदार लोगों में से एक थे जिनसे मैं अपने पूरे जीवन में मिला हूं. उनके बारे में मीडिया ने जो छापा, उनकी आर्थिक स्थिति और उनके परिवार के साथ संबंध पूरी तरह से झूठे थे क्योंकि मैं उनके जीवन में जो कुछ भी चल रहा था, उसका गवाह था. वो फुल ऑफ लाइफ थे, लेकिन वो मुझसे ये भी कहते थे कि ये वही मीडिया है जिसने उनके संघर्ष के दिनों में उनकी मदद की थी.

प्रकाश रोहरा ने अपने इंटरव्यू में ये भी कहा कि, ‘वो बताते थे कि, हम खत्री हैं और हम लोग बेटियों को देते हैं उनसे कुछ लेते नहीं. अक्षय कुमार उनके दोस्त थे और इसी तरह उन्होंने उन्हें इंट्रोड्यूज किया था’ उन्होंने डिंपलजी के साथ एक खास रिश्ता बनाया. उन्होंने अंत तक उनकी देखभाल की. वह उनके साथ हर वक्त थीं. काकाजी के बीमार होने से पहले, मैंने डिंपल को उनके घर आते देखा है. वो उनके साथ लंच और डिनर के लिए भी जाते थे’. 

उन्होंने आगे कहा, ‘एक और घटना है जिसका मुझे यहां जिक्र करना है. काकाजी और डिंपलजी दोनों को एक रेडियो स्टेशन पर गेस्ट के तौर पर बुलाया गया था और एक श्रोता ने डिंपल से उनकी सुंदरता के राज के बारे में पूछा. काकाजी ने उनसे माइक लिया और कहा, ‘ये मैं हूं.’ ‘उसी जर्नी के दौरान, डिंपलजी खरीदारी करने गईं और काका की पसंदीदा सिगरेट और धूप के चश्मे के साथ वापस आईं. हालांकि तब उन्होंने अपना ट्रेडमार्क चश्मा नहीं पहना था लेकिन जब डिंपलजी ने जोर देकर कहा तब उन्होंने  पहन लिया और कहा, लग रहा हूं न मैं राजेश खन्ना? काकाजी जानते थे कि अब उनका वक्त आ गया है, लेकिन उन्हें कोई डर नहीं था क्योंकि वे अपनी सेहत के बारे में जानते थे और काकाजी एक ज्योतिषी भी थे. अपने अंतिम दिनों में काकाजी ने अपने डॉक्टर को ऋषिकेश मुखर्जी को ‘आनंद’ की एक डीवीडी गिफ्ट की थी, क्योंकि उनकी जिंदगी उस फिल्म में उनके किरदार की ही तरह थी’. 

इतना ही नहीं प्रकाश रोहरा ने ये भी कहा कि, ‘काकाजी कहते थे, ‘इस इंडस्ट्री में रिश्ते शुक्रवार से शुक्रवार बदलते हैं’ वो फिल्म इंडस्ट्री के कुछ लोगों की वजह से निराश महसूस करते थे, जिनकी उन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में मदद की थी. मुझे याद है जब अमिताभ बच्चन के हाथों लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड पाकर काकाजी मकाऊ से वापस आए थे, तो उनसे मीडिया ने पूछा था कि वो और अमिताभ बच्चन फिर से एक साथ काम क्यों नहीं करते. काकाजी ने तुरंत कहा, “क्यों नहीं? लेकिन फिल्म बनाने के लिए एक निर्माता तो होना चाहिए.’

यह भी पढ़ेंः

Mrunal Thakur- Shahid Kapoor के सामने भूल जाती थीं अपने डायलॉग, ये था पूरा किस्सा

Kasautii Zindagii Kay एक्टर Sahil Anand ने छोड़ा सोशल मीडिया, जानिए वजह